Demonetization or ‘Monsterization’ ?…

I had just stepped out of the ATM when the news app on my phone flashed,  informing me that all the shining notes I had reluctantly withdrawn( it pains a lot to withdraw money, more when you have to give it to someone else as it is) would turn useless from the midnight. Yes, u…

खुद से मिल आउ कभी

बरसों से ख्वाइश है, खुद से मिल आऊ कभी दुनिया की तो सुनती ही रहती हूं दौड़ के चल दूं दिल की ओर वह आवाज़ लगाये तभी आशा की निगाहों से ढूंढती हूं मंज़िल को क्या पता उससे पूंछू तो वह ही बता दे उन्हें पाने के रास्ते सभी चाहता है हमेशा से कुछ कहना…